रायपुर : प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) राज्य के हजारों जरूरतमंद परिवारों के जीवन में सकारात्मक बदलाव ला रही है। योजना के माध्यम से आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों को सुरक्षित और सम्मानजनक आवास उपलब्ध हो रहे हैं, जिससे उनका जीवन स्तर बेहतर हुआ है। बलरामपुर-रामानुजगंज जिले के ग्राम पंचायत कंजिया निवासी श्री राधेश्याम सिंह इसकी एक प्रेरणादायक मिसाल हैं।
राधेश्याम सिंह बताते हैं कि कुछ
वर्ष पहले तक उनका परिवार कच्चे मकान में रहने को विवश था। बरसात के दिनों में घर
की जर्जर स्थिति के कारण परिवार को लगातार असुरक्षा और कठिनाइयों का सामना करना
पड़ता था। सीमित आय और आर्थिक तंगी के कारण पक्का मकान बनवाना उनके लिए संभव नहीं
था। ऐसे समय में प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के तहत उन्हें आवास की
स्वीकृति मिली और शासन से प्राप्त सहायता राशि से उन्होंने अपना पक्का घर निर्मित
कराया।
आज श्री राधेश्याम सिंह का परिवार
सुरक्षित और सम्मानजनक वातावरण में जीवनयापन कर रहा है। वे बताते हैं कि पहले जहां
बारिश का मौसम चिंता लेकर आता था, वहीं अब
पूरा परिवार निश्चिंत होकर अपने पक्के घर में रहता है। उनका कहना है कि इस योजना
ने उनके वर्षों पुराने सपने को साकार कर दिया है और परिवार को नई सुरक्षा प्रदान
की है।
राज्य में प्रधानमंत्री आवास योजना
के प्रभावी क्रियान्वयन से ग्रामीण क्षेत्रों में आवासीय सुविधाओं का विस्तार हुआ
है। बलरामपुर जिले में ही प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के अंतर्गत 84
हजार 259 परिवार लाभान्वित हो चुके हैं। इससे
हजारों परिवारों को कच्चे और असुरक्षित आवास से मुक्ति मिली है तथा उन्हें
सुरक्षित आवासीय वातावरण प्राप्त हुआ है।
प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी की
परिकल्पना तथा मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में राज्य सरकार की
प्रतिबद्धता के परिणामस्वरूप ग्रामीण क्षेत्रों में आवासीय सुरक्षा का दायरा
लगातार बढ़ रहा है। योजना के माध्यम से जरूरतमंद परिवारों को न केवल पक्की छत मिल
रही है, बल्कि उनके जीवन में
आत्मविश्वास, सुरक्षा और सम्मान का नया आधार भी तैयार हो रहा
है।