रायपुर : छत्तीसगढ़ में ग्रामीण विकास और सशक्तिकरण के क्षेत्र में धमतरी जिले ने एक नया इतिहास रचा है। राज्य सरकार द्वारा जारी पंचायत विकास सूचकांक (PDI) के ताजा आंकड़ों के अनुसार, धमतरी जिले की ग्राम पंचायतों ने शानदार प्रदर्शन किया है। इसमें सबसे बड़ी उपलब्धि कुरूद विकासखंड की मंदरौद ग्राम पंचायत के नाम रही है, जिसने 'गरीबी मुक्त एवं आजीविका संवर्धन' (थीम-1) में 94.4 अंक हासिल कर पूरे प्रदेश में प्रथम स्थान प्राप्त किया है।
सतत विकास के मॉडर्न
मॉडल के रूप में उभरा धमतरी
PDI रैंकिंग में केवल मंदरौद ही नहीं, बल्कि जिले की
अन्य पंचायतों ने भी अपनी छाप छोड़ी है। 'स्वस्थ पंचायत',
'जल संपन्न पंचायत' और 'स्वच्छ
एवं हरित पंचायत' जैसी श्रेणियों में जिले की कई पंचायतों ने
A+ और A ग्रेड प्राप्त कर यह साबित
किया है कि यहाँ शासन की योजनाएं केवल कागजों पर नहीं, बल्कि
धरातल पर मजबूती से उतर रही हैं।
"पूरे प्रदेश के लिए प्रेरणा"
इस
ऐतिहासिक उपलब्धि पर राज्य के नेतृत्व और स्थानीय प्रशासन ने हर्ष व्यक्त किया
है।उपमुख्यमंत्री एवं पंचायत मंत्री श्री विजय शर्मा
मंत्री ने मंदरौद पंचायत को बधाई देते हुए कहा कि छत्तीसगढ़ सरकार
ग्राम पंचायतों को आत्मनिर्भर बनाने के लिए संकल्पित है। मंदरौद की सफलता प्रदेश
की अन्य पंचायतों के लिए एक प्रेरणास्रोत और नवाचार का मॉडल बनेगी।
विधायक श्री अजय चंद्राकर ने इस जीत
का श्रेय सामूहिक प्रयासों को देते हुए कहा कि बयह स्थानीय जनप्रतिनिधियों,
पंचायत अमले और जागरूक ग्रामीणों की मेहनत का फल है। धमतरी विकास के
नए मानक स्थापित कर रहा है। कलेक्टर ने इस उपलब्धि को पारदर्शी प्रशासन की जीत
बताया। उन्होंने कहा कि जिला प्रशासन का लक्ष्य शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं को
अंतिम व्यक्ति तक पहुँचाना है, और यह रैंकिंग उसी दिशा में
एक मील का पत्थर है।
सफलता
के पीछे के मुख्य कारक
मंदरौद
और धमतरी की अन्य पंचायतों की इस सफलता के पीछे तीन मुख्य स्तंभ रहे हैं। सरकारी
योजनाओं का शत-प्रतिशत लाभ पात्र हितग्राहियों तक पहुँचाना। विकास कार्यों में
ग्रामीणों की सक्रिय जनभागीदारी सुनिश्चित करना और आजीविका पर फोकस करते हुए
गरीबी उन्मूलन के लिए स्थानीय स्तर पर रोजगार और स्वरोजगार के साधनों का संवर्धन
करना रहा।धमतरी जिले की यह गौरवपूर्ण उपलब्धि छत्तीसगढ़ में ग्रामीण सशक्तिकरण और
समग्र विकास की एक नई इबारत लिख रही है।