June 20, 2025


नवकरणीय ऊर्जा आज की जरूरत : मध्यप्रदेश को बनायेंगे मॉडल स्टेट : मुख्यमंत्री डॉ. यादव

यूनिवर्सिटी ऑफ कैलिफोर्निया द्वारा भोपाल में "सेंटर ऑन एनर्जी ट्रांजिशन" की स्थापना का प्रस्ताव

भोपाल : मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और मुख्य सचिव श्री अनुराग जैन की उपस्थिति में मुख्यमंत्री निवास स्थित समत्व भवन में राज्य सरकार और यूनिवर्सिटी ऑफ कैलिफोर्निया, बर्कले के प्रतिनिधियों के मध्य एक समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर कर आदान-प्रदान किया गया। यूनिवर्सिटी ऑफ कैलिफोर्निया, बर्कले द्वारा भोपाल में "सेंटर ऑन एनर्जी ट्रांजिशन" की स्थापना का प्रस्ताव दिया गया है। राज्य सरकार ने इस दिशा में गंभीरता से कदम बढ़ाए हैं। इस अवसर पर मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि नवकरणीय ऊर्जा हमारी आज की ऊर्जा जरूरतों को पूरा करने में सबसे बड़ा माध्यम है। हमारी सरकार इस दिशा में गंभीर प्रयास कर रही है। नवकरणीय ऊर्जा उत्पादन के जरिए हम मध्यप्रदेश को इस मामले में देश का एक मॉडल स्टेट बनाने की ओर तेजी से अग्रसर हैं, इसके लिए हम प्रतिष्ठित संस्थाओं से विशेषज्ञों से सहयोग भी लेंगे।

उल्लेखनीय है कि यूनिवर्सिटी ऑफ कैलिफोर्निया, बर्कले द्वारा ऊर्जा मॉडलिंग, डेटा समेकन तथा नियामकीय विशेषज्ञता के माध्यम से यह परिकल्पना प्रस्तुत की गई है कि ऊर्जा भंडारण आधारित नवीकरणीय ऊर्जा परियोजनाओं के माध्यम से थर्मल ऊर्जा की तुलना में कम टैरिफ प्राप्त किया जाना संभव है। रीवा अल्ट्रा मेगा सोलर (RUMS) ने भारत का पहला ऐसा सौर ऊर्जा प्रोजेक्ट रीवा में वर्ष 2017 में विकसित किया था, जिसमें पहली बार कोयला आधारित ऊर्जा से कम दर पर सौर ऊर्जा टैरिफ प्राप्त हुआ था। यूनिवर्सिटी ऑफ कैलिफोर्निया, बर्कले का यह विश्वास है कि मध्यप्रदेश एवं रीवा अल्ट्रा मेगा सोलर की सशक्त परियोजना की क्रियान्वयन क्षमता, संतुलित जोखिम प्रबंधन और नवाचारों के साथ यह लक्ष्य पुन: दोहराया जा सकता है। बर्कले विश्वविद्याल द्वारा मध्यप्रदेश सरकार और रीवा अल्ट्रा मेगा सोलर के साथ मिलकर एक साझा उद्देश्य "कोयला आधारित ऊर्जा का कम लागत वाला विकल्प विकसित करना" प्राप्त करने के लिए प्रतिबद्ध होकर प्रयासरत है। भोपाल के मौलाना आज़ाद राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान (मैनिट) में "सेंटर ऑन एनर्जी ट्रांजिशन" की स्थापना करने का प्रस्ताव है।

अगले पांच वर्षों के लिए प्रभावी रहेगा। यूनिवर्सिटी ऑफ कैलिफोर्निया, बर्कले द्वारा राज्य शासन को स्वच्छ विद्युत योजना, ऊर्जा भंडारण, विद्युत बाजार, ट्रांसमिशन विकास एवं जलवायु अनुकूलन के क्षेत्रों में अनुप्रयुक्त अनुसंधान, तकनीकी सहायता एवं नॉलेज शेयरिंग (ज्ञान साझाकरण) उपलब्ध करायी जाएगी।

नवीन एवं नवकरणीय ऊर्जा मंत्री श्री राकेश शुक्ला ने एमओयू के सफल हस्ताक्षर पर बधाई देते हुए कहा है कि यह सहयोग राज्य में ऊर्जा भंडारण परियोजनाओं के मॉडलिंग को सुदृढ़ बनाएगा तथा आर्थिक दृष्टि से प्रतिस्पर्धी एवं थर्मल ऊर्जा की तुलना में न्यूनतम टैरिफ प्राप्त करने में सहायक सिद्ध होगा।

मध्यप्रदेश में नवीकरणीय ऊर्जा परियोजनाओं को बढ़ावा देने और ऊर्जा भंडारण के क्षेत्र में राज्य न केवल एक अग्रणी भूमिका निभा सके, बल्कि देश के अन्य राज्यों के लिए भी एक आदर्श मॉडल प्रस्तुत कर सके, इस दिशा में बर्कले विश्वविद्यालय द्वारा "बर्कले-मैनिट-एमपी सेंटर फॉर मिशन ऑन एनर्जी ट्रांजिशन की स्थापना के जरिए सरकार को सहयोग करने की मंशा है। एमओयू हस्ताक्षर के अवसर पर अपर मुख्य सचिव नवीन एवं नवकरणीय ऊर्जा श्री मनु श्रीवास्तव, प्रबंध संचालक नवकरणीय ऊर्जा श्री अमनवीर सिंह बैंस, यूनिवर्सिटी ऑफ कैलिर्फोनिया, बर्कले के प्रो. अमोल फडके तथा प्रो. निकित अभ्यंकर एवं अन्य अधिकारी भी उपस्थित थे।


Related Post

Archives

Advertisement

Trending News

Archives