रायपुर : मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने नई फसल के स्वागत और प्रकृति के अनुपम उपहार के प्रति कृतज्ञता व्यक्त करने वाले पावन पर्व नुआखाई के अवसर पर हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दी हैं। मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर अन्नदाता किसानों की सुख-समृद्धि, अच्छी फसल और सभी परिवारों की खुशहाली की मंगलकामना की है।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि
नुआखाई समृद्ध कृषि संस्कृति और लोक परंपराओं से जुड़ा महत्वपूर्ण पर्व है। नई फसल
के आगमन की खुशी में मनाया जाने वाला यह पर्व प्रकृति के प्रति कृतज्ञता,
अन्न के सम्मान और किसान के अथक परिश्रम के प्रति आदर का भाव प्रकट
करता है। खेतों में उपजी नई फसल केवल किसान की मेहनत का प्रतिफल नहीं, बल्कि प्रकृति की कृपा और हमारी कृषि प्रधान संस्कृति की समृद्धि का भी
प्रतीक है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ की
संस्कृति में खेती-किसानी केवल आजीविका का माध्यम नहीं,
बल्कि हमारे सामाजिक और सांस्कृतिक जीवन का अभिन्न हिस्सा है। हमारे
अनेक पर्व और परंपराएं कृषि चक्र, प्रकृति और लोकजीवन से
गहराई से जुड़ी हुई हैं।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि
नुआखाई अपनी मिट्टी, अपनी जड़ों और अपनी
गौरवशाली परंपराओं से जुड़े रहने की प्रेरणा देता है। यह पर्व सामाजिक आत्मीयता,
पारिवारिक एकजुटता और आपसी सद्भाव को भी मजबूत करता है। नई फसल की
खुशियां जब परिवार और समाज मिलकर साझा करते हैं, तब
लोकसंस्कृति और अधिक जीवंत तथा समृद्ध होती है।
मुख्यमंत्री श्री साय ने नुआखाई के
पावन अवसर पर कामना करते हुए कहा कि प्रकृति की कृपा छत्तीसगढ़ पर सदैव बनी रहे।
हमारे किसान साथियों के खेत हरे-भरे और फसलों से लहलहाते रहें,
अन्न के भंडार भरें तथा अन्नदाताओं के घर-आंगन में समृद्धि आए।
प्रदेश के प्रत्येक परिवार के जीवन में सुख, शांति, समृद्धि और खुशहाली का संचार हो तथा आपसी प्रेम, भाईचारा
और सद्भाव निरंतर मजबूत होता रहे।