रायपुर : कबीरधाम जिले के भोरमदेव मंदिर चौरा में आयोजित पांच दिवसीय संभागीय सरस मेला का उद्घाटन उपमुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा द्वारा किया गया। इस दौरान स्व-सहायता समूहों की लखपति दीदियों को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा ने कहा कि संभागीय सरस मेला से ग्रामीण महिलाओं के स्वरोजगार को एक नई दिशा मिलती है तथा यह आयोजन ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने में सहायक होता है।
सरस मेला में
स्वदेशी, प्राकृतिक
एवं गुणवत्तापूर्ण उत्पादों की भव्य प्रदर्शनी सह विक्रय हेतु संभागीय सरस मेला
समूह की दीदियों के लिए सफलता के द्वार खोलेगा। संभागीय सरस मेला के उद्घाटन के
दौरान अध्यक्ष छत्तीसगढ़ गौ सेवा आयोग श्री बिसेसर पटेल, जिला
पंचायत अध्यक्ष श्री ईश्वरी साहू, जिला पंचायत उपाध्यक्ष
श्री कैलाश चंद्रवंशी, जिला पंचायत सदस्य श्री राम कुमार
भट्ट, श्री वीरेंद्र साहू, श्री लोकचंद
साहू, श्री संतोष पटेल, श्री विदेशी
राम धुर्वे, कलेक्टर श्री गोपाल वर्मा, सीईओ जिला पंचायत श्री अभिषेक अग्रवाल, सहित अन्य
जनप्रतिनिधि, गणमान्य नागरिक जिले के अधिकारी गण, स्व सहायता समूह की दीदियों सहित ग्रामीण उपस्थित रहे।
मेले में लगे स्टालों का
उपमुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा ने अवलोकन किया तथा महिला समूह से उनके उत्पादन के
विषय में विस्तार से जानकारी ली। इस दौरान स्टॉल से खरीदी कर महिला समूह का हौसला
बढ़ाया तथा उन्हें सफल व्यवसाय की शुभकामनाएं दी।
संभागीय सरस मेला के संबंध में
कलेक्टर श्री गोपाल वर्मा ने बताया कि मेले का आयोजन सावन माह में किया गया है जो 06
अगस्त की शाम तक चलेगा। विश्व प्रसिद्ध भोरमदेव मंदिर की पावन एवं
ऐतिहासिक धरा पर आयोजित यह मेला केवल खरीदारी का अवसर नहीं बल्कि ग्रामीण उद्यमिता
और महिला सशक्तिकरण की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है। 50 से
अधिक स्टॉलों के द्वारा एक ही छत के नीचे ताज़े एवं पौष्टिक मिलेट उत्पाद, स्वादिष्ट घरेलू खाद्य सामग्री, वनोपज आधारित अन्य
स्थानीय उत्पादन मिल रहा है। हस्तशिल्प एवं हथकरघा सामग्री बाँस एवं बेंत से बने
आकर्षक उत्पाद,घरेलू सजावटी वस्तुएँ, पारंपरिक
परिधान तथा अनेक प्रकार के अन्य उपयोगी स्वदेशी सामग्रियों का विशाल भंडार विक्रय
के लिए उपलब्ध होगा।
मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत
श्री अभिषेक अग्रवाल ने बताया की समूह की दीदियों द्वारा निर्मित सामग्रियों को
बाजार उपलब्ध कराने के दृष्टिकोण से संभागीय सरस मेला का आयोजन हो रहा है।
प्रत्येक खरीदी पर ग्रामीण महिलाओं के सशक्तिकरण और स्वदेशी भारत का संकल्प होगा।
जैविक खाद्य सामग्री, आकर्षक सजावट के
सामान सहित अन्य उपयोगी वस्तु कम दर पर उपलब्ध है। सभी जिलेवासियों से अपील की
जाती है कि वह सावन के इस पवित्र महीने में बाबा भोरमदेव के दर्शन के साथ ही
संभागीय सरस मेला का लाभ उठाए।
प्रसिद्ध
पंडवानी गायिका श्रीमती तरुणा साहू और स्कूली बच्चों के शिव तांडव की प्रस्तुति ने
सभी का मन मोह लिया
छत्तीसगढ़ की प्रसिद्ध पंडवानी
गायिका श्रीमती तरुणा साहू के पंडवानी गायन ने सभी का मन मोह लिया। द्रोपदी चीर
हरण सहित अन्य प्रसंगो की मार्मिक प्रस्तुति ने कार्यक्रम में उपस्थित सभी लोगों
को उस काल खण्ड की याद दिला दी। इसी तरह स्वामी आत्मानंद इंग्लिश स्कूल बोड़ला के
बच्चों द्वारा शिव तांडव का नृत्य प्रस्तुत किया गया। सांस्कृतिक कार्यक्रमों की
प्रस्तुति ने सरस मेला में उपस्थित सभी लोगों का खूब मनोरंजन किया।
उल्लेखनीय है कि संभागीय सरस मेला
में दुर्ग संभाग के कबीरधाम सहित जिला दुर्ग, बालोद,
राजनांदगांव, बेमेतरा, मोहला-
मानपुर- अंबागढ़ चौकी एवं खैरागढ़- छुईखदान- गंडई के अतिरिक्त अन्य ज़िलों की महिला
स्व सहायता समूह की दीदियों द्वारा उत्पादित आकर्षक सामग्रियों की प्रदर्शनी सह
विक्रय के लिए 50 स्टॉल गए हैं। इन स्टॉलों में विभिन्न
जैविक खाद्य सामग्री जैसे हल्दी, मिर्ची, धनिया, कोदो- कुटकी, कटहल,
आम, नीबू महुआ के आचार, पापड़,
ब्लैक राइस के साथ अगरबत्ती, दोना-पत्तल,बैग, सिंगार के सामान, हैंड
बैग सहित अनेको आकर्षक सामग्री महिला समूह द्वारा बनाये गए है।