रायपुर : मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के निर्देशानुसार प्रदेशभर में संचालित सुशासन तिहार 2026 के अंतर्गत जशपुर जिले में जनसमस्या निवारण शिविरों के माध्यम से ग्रामीणों की समस्याओं का त्वरित निराकरण किया जा रहा है। साथ ही पात्र हितग्राहियों को विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ भी प्रदान किया जा रहा है।
इसी क्रम में जशपुर विकासखंड के
ग्राम पंचायत बोकी में आयोजित जिला स्तरीय जनसमस्या निवारण शिविर में आसपास के 15
गांवों के ग्रामीण बड़ी संख्या में शामिल हुए। शिविर में नागरिकों ने
अपनी मांगों एवं समस्याओं से संबंधित आवेदन प्रस्तुत किए। प्राप्त लगभग 200
आवेदनों में से तात्कालिक रूप से निराकरण योग्य मामलों का मौके पर
ही समाधान किया गया, जबकि शेष आवेदनों को शीघ्र निराकरण के
लिए संबंधित विभागों को भेजा गया।
कार्यक्रम की मुख्य अतिथि जशपुर
विधायक श्रीमती रायमुनी भगत ने कहा कि मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय की मंशा के
अनुरूप सुशासन तिहार शासन और जनता के बीच संवाद का प्रभावी माध्यम बन रहा है।
उन्होंने कहा कि शासन की योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना सरकार की
सर्वाेच्च प्राथमिकता है और इसी उद्देश्य से गांव-गांव में समाधान शिविर आयोजित
किए जा रहे हैं।
प्रधानमंत्री आवास योजना
से पूरा हुआ पक्के घर का सपना
शिविर में प्रधानमंत्री आवास योजना
के अंतर्गत तारकेश्वर सिंह, कमला
देवी एवं कैलाश राम को उनके नव निर्मित आवास की चाबी प्रदान की गई। अपने सपनों के
पक्के घर की चाबी प्राप्त कर हितग्राहियों ने प्रसन्नता व्यक्त करते हुए
प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी एवं मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के प्रति आभार
जताया। उन्होंने कहा कि अब उनके परिवार को सुरक्षित और सम्मानजनक आवास उपलब्ध हो सकेगा।
दिव्यांग हितग्राही को
मिली ट्राइसाइकिल
शिविर में आरा के पुरनापानी निवासी
दिव्यांग हितग्राही सुरेंद्र राम को ट्राइसाइकिल प्रदान की गई। उन्होंने बताया कि
अब उन्हें दैनिक कार्यों के लिए दूसरों पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा और वे अधिक
आत्मनिर्भर बन सकेंगे। उन्होंने इस सहायता के लिए जिला प्रशासन का धन्यवाद ज्ञापित
किया।
विभिन्न योजनाओं से
लाभान्वित हुए ग्रामीण’
शिविर में विभिन्न विभागों द्वारा
पात्र हितग्राहियों को योजनाओं का लाभ प्रदान किया गया। 10
ग्रामीणों को राशन कार्ड वितरित किए गए, जबकि 6
किसानों को किसान क्रेडिट कार्ड प्रदान किए गए, जिससे उन्हें खेती-किसानी के लिए समय पर ऋण एवं कृषि आदान उपलब्ध हो
सकेगा। इसके अलावा 4 किसानों को खाद का वितरण किया गया।
पर्यावरण संरक्षण और हरित आवरण बढ़ाने
के उद्देश्य से 25 ग्रामीणों को आम,
लीची एवं अन्य फलदार पौधे वितरित किए गए। वहीं नारायणपुर-चिटवारी
क्षेत्र के किसानों को बी-1 प्रतियां उपलब्ध कराई गईं।
शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को भी सम्मानित
कर उनका उत्साहवर्धन किया गया।
सुशासन तिहार के अंतर्गत आयोजित यह
शिविर न केवल जनसमस्याओं के समाधान का प्रभावी माध्यम बना,
बल्कि शासन की योजनाओं को अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने की दिशा में भी
एक महत्वपूर्ण पहल साबित हुआ।