रायपुर : आधुनिक कानून व्यवस्था और वैज्ञानिक अपराध अनुसंधान को सुदृढ़ करने की दिशा में राज्य सरकार ने एक बड़ी पहल की है। कैबिनेट मंत्री (स्कूल शिक्षा) श्री गजेन्द्र यादव एवं सांसद श्री विजय बघेल ने दुर्ग जिले के लिए अत्याधुनिक मोबाइल फॉरेंसिक वैन सेवा का विधिवत हरी झंडी दिखाकर शुभारंभ किया। यह हाईटेक वैन क्षेत्रीय न्यायालयिक विज्ञान प्रयोगशाला के माध्यम से संचालित की जाएगी, जिससे अपराध अनुसंधान एवं वैज्ञानिक साक्ष्य संकलन की प्रक्रिया को और अधिक प्रभावी व त्वरित बनाया जा सकेगा।
घटनास्थल पर ही त्वरित
परीक्षण और पारदर्शी विवेचना
इस अवसर पर कार्यक्रम को संबोधित
करते हुए मुख्य अतिथि मंत्री श्री गजेन्द्र यादव ने कहा कि मोबाइल फॉरेंसिक वैन के
माध्यम से अब घटनास्थल पर ही वैज्ञानिक साक्ष्यों का संकलन एवं प्रारंभिक परीक्षण
शीघ्रता से किया जा सकेगा। इससे गंभीर अपराधों की विवेचना अधिक प्रभावी,
पारदर्शी एवं वैज्ञानिक होगी। उन्होंने इसे आधुनिक पुलिसिंग की दिशा
में एक महत्वपूर्ण कदम बताते हुए विश्वास जताया कि इससे जिले में कानून व्यवस्था
तथा अपराध नियंत्रण को और अधिक मजबूती मिलेगी।
न्यायिक प्रक्रिया और
पुलिसिंग में बढ़ेगा समन्वय
कार्यक्रम के विशिष्ट अतिथि सांसद
श्री विजय बघेल ने कहा कि यह अभिनव पहल पुलिस विभाग और फॉरेंसिक विज्ञान के बीच
बेहतर समन्वय स्थापित करेगी। यह न्यायिक प्रक्रिया में वैज्ञानिक साक्ष्यों की
गुणवत्ता और उनकी विश्वसनीयता को बढ़ाने में बेहद सहायक सिद्ध होगी। कार्यशाला के
दौरान तकनीकी पक्षों को रेखांकित करते हुए पुलिस महानिरीक्षक (दुर्ग रेंज) श्री
अभिषेक शांडिल्य ने बताया कि यह वैन अत्याधुनिक वैज्ञानिक उपकरणों से सुसज्जित है।
इसके माध्यम से मौके पर ही प्रारंभिक तकनीकी सहायता उपलब्ध कराई जा सकेगी,
जिससे जांच में लगने वाला समय कम होगा और साक्ष्यों के दूषित होने
का खतरा टलेगा।
क्षेत्रीय न्यायालयिक विज्ञान
प्रयोगशाला के प्रमुख श्री पंकज ताम्रकार ने कहा कि वर्तमान समय में अपराधों की
प्रकृति लगातार जटिल और हाईटेक होती जा रही है। ऐसे दौर में वैज्ञानिक साक्ष्यों
की भूमिका निर्णायक हो गई है, जिसमें
यह वैन मील का पत्थर साबित होगी।
इस अवसर पर खादी ग्रामोद्योग बोर्ड
के अध्यक्ष राकेश पाण्डेय, कलेक्टर
अभिजीत सिंह, पुलिस उप महानिरीक्षक विजय अग्रवाल, अपर सत्र न्यायाधीश दीपक खोसले, संयुक्त संचालक
अभियोजन बी.एस. राजपूत, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक सुखनंदन
राठौर, भिलाई इस्पात संयंत्र के सीजीएम (नगर प्रशासन)
श्रीनिवास राव सहित विभिन्न विभागों के राजपत्रित अधिकारी, शासकीय
अधिवक्ता, पुलिस बल एवं गणमान्य नागरिक बड़ी संख्या में
उपस्थित थे।