February 06, 2026


मछली पालन विभाग द्वारा प्रदेशभर के एनीकट्स में मत्स्य बीज का संचयन

मत्स्य बीज संचयन से ग्रामीण अर्थव्यवस्था, स्वरोजगार एवं पोषण को मिलेगा बढ़ावा

रायपुर : छत्तीसगढ़ शासन के मछली पालन विभाग द्वारा प्रदेश में अंतर्देशीय मत्स्य संसाधनों के समुचित उपयोग एवं मछुआ समुदाय की आय में वृद्धि के उद्देश्य से विभिन्न जिलों के नदी तटवर्ती क्षेत्रों एवं एनीकट्स में मत्स्य बीज (फिंगरलिंग) का व्यापक स्तर पर संचयन किया जा रहा है।इस पहल से प्रदेश के मछुआ सहकारी समितियों, स्व-सहायता समूहों एवं मत्स्य कृषकों को स्वरोजगार के नए अवसर प्राप्त होंगे, साथ ही आमजन को पोषणयुक्त आहार की उपलब्धता भी सुनिश्चित होगी।

इसी क्रम में जशपुर जिले सहित अन्य जिलों में चयनित एनीकट्स एवं जलाशयों में मत्स्य बीज का संचयन स्थानीय जनप्रतिनिधियों एवं संबंधित अधिकारियों की उपस्थिति में किया गया। जशपुर जिले के किलकिला (विकासखंड पत्थलगांव), मैनी (कांसाबेल), डुमरटोली एवं सुरजुला (मनोरा), कोकिया-तुमला (फरसाबहार), साहीडांड़ (बगीचा) तथा हल्दीमुण्डा (कुनकुरी) एनीकट्स में सफलतापूर्वक मत्स्य बीज संचयन संपन्न हुआ।

मछली पालन विभाग के अनुसार, इस कार्यक्रम से जल संसाधनों का वैज्ञानिक एवं टिकाऊ उपयोग सुनिश्चित होगा, जिससे मत्स्य उत्पादन में वृद्धि के साथ-साथ ग्रामीण आजीविका सुदृढ़ होगी। संपूर्ण कार्यक्रम का संचालन सहायक संचालक, मछली पालन के मार्गदर्शन में किया गया।


Related Post

Archives

Advertisement

Trending News

Archives