भोपाल : पहलगाम आतंकी हमले के बाद भारत सरकार
पाकिस्तान के खिलाफ लगातार सख्त एक्शन ले रही है. भारत में रह रहे पाकिस्तानी
नागरिकों को भारत छोड़ने के लिए कहा है. इसके साथ ही उनके लिए डेडलाइन भी तय कर दी
गई है. मेडिकल वीजा के मामले में 29 अप्रैल तक रियायत
दी गई है. मध्य प्रदेश सरकार ने पाकिस्तानी नागरिकों की पहचान करना शुरू कर दिया
है.
8 हजार पाकिस्तानियों को वापस भेजा
जाएगा
भारत सरकार के निर्णय के बाद मध्य प्रदेश सरकार ने
एक्शन लेना शुरू कर दिया है. शासन की ओर से अधिकारियों को निर्देश दिया गया है कि
ऐसे लोगों की पहचान की जाए जो पाकिस्तान के नागरिक हैं. अभी तक ये संख्या करीब 8 हजार है. इनमें सिंधी और मुस्लिम हैं. सरकार का सख्त निर्देश है कि जो
पाकिस्तानी भारत नहीं छोड़ते हैं तो उनका वीजा रद्द कर दिया जाएगा. मेडिकल वीजा
धारकों को 29 अप्रैल तक भारत छोड़ना होगा. सामान्य रूप से
पाकिस्तानियों को 27 अप्रैल तक देश छोड़ने का आदेश दिया गया
है.
भोपाल पुलिस कमिश्नर का सख्त एक्शन
मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में रह रहे पाकिस्तानी
नागरिकों को भी भारत छोड़ना होगा. इनमें से कई लॉन्ग टर्म और कई शॉर्ट टर्म वीजा
पर भारत में रह रहे हैं. शॉर्ट टर्म वीजा वाले को 27 अप्रैल तक और
मेडिकल वीजा धारकों को 29 अप्रैल तक भारत छोड़ना होगा. वहीं
भोपाल पुलिस कमिश्नर हरिनारायणचारी मिश्र ने सख्त हिदायत दी है. उन्होंने कहा कि
गृह मंत्रालय के निर्देशों को शहर में तत्काल प्रभाव से लागू कर दिया गया है. उन्होंने
आगे कहा कि अगर कोई पाकिस्तानी निर्धारित समय में देश नहीं छोड़ता है तो पासपोर्ट
अधिनियम के तहत सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी.
क्या है पूरा मामला?
पहलगाम आतंकी हमले के बाद CCS की बैठक हुई. इसमें भारत सरकार ने पाकिस्तानी नागरिकों के वीजा को तत्काल
प्रभाव से निलंबित करने का फैसला लिया गया है. भारत की ओर से पाकिस्तानी नागरिकों
को जारी किए गए, सभी मौजूदा वैध वीजा 27 अप्रैल 2025 से रद्द कर दिए जाएंगे. पाकिस्तानियों
को जारी किए गए मेडिकल वीजा सिर्फ 29 अप्रैल 2025 तक वैध रहेंगे. विदेश मंत्रालय ने कहा है कि वर्तमान में भारत में जो भी
पाकिस्तानी हैं उन्हें संशोधित वीजा की अवधि खत्म होने से पहले भारत छोड़ना होगा.